साइबर क्राइम थाना आजमगढ़ की कार्रवाई, दो मोबाइल फोन बरामद
ई-मेल, व्हाट्सएप और QR कोड के जरिए ₹10 से ₹40 हजार तक की ठगी
आजमगढ़। जनपद में साइबर ठगी के एक बड़े मामले का खुलासा करते हुए साइबर क्राइम थाना आजमगढ़ पुलिस ने फर्जी बेसिक शिक्षा अधिकारी (BSA) बनकर ईसीसीई शिक्षक (ECCE Educator) पद पर नियुक्ति दिलाने के नाम पर लाखों रुपये की ठगी करने वाले एक अन्तर्जनपदीय अभियुक्त को गिरफ्तार किया है। अभियुक्त के कब्जे से दो एंड्रॉयड मोबाइल फोन बरामद किए गए हैं। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक आजमगढ़ डॉ. अनिल कुमार के निर्देशन में चलाए जा रहे साइबर अपराध विरोधी अभियान के तहत यह कार्रवाई की गई। पुलिस के अनुसार अभियुक्त अभ्यर्थियों को ईसीसीई शिक्षक पद पर चयन का झांसा देकर उनसे ₹10,000 से ₹40,000 तक की धनराशि वसूल करता था। इसके लिए उसने बेसिक शिक्षा अधिकारी आजमगढ़ के नाम से फर्जी ई-मेल आईडी बनाई और व्हाट्सएप व ट्रूकॉलर पर भी BSA का नाम व फोटो प्रदर्शित कर अभ्यर्थियों को विश्वास में लिया। पुलिस ने बताया कि 25 दिसंबर 2025 को दर्ज मुकदमा संख्या 41/2025 की विवेचना के दौरान तकनीकी विश्लेषण और मोबाइल लोकेशन के आधार पर अभियुक्त राम सिंह निवासी प्रयागराज को जनपद प्रतापगढ़ के पट्टी क्षेत्र से गिरफ्तार किया गया। बरामद मोबाइल फोन के विश्लेषण में फर्जी ई-मेल, व्हाट्सएप प्रोफाइल, अभ्यर्थियों की सूची, टेलीग्राम ग्रुप से जुड़े साक्ष्य और अन्य डिजिटल प्रमाण मिले हैं।गिरफ्तार अभियुक्त के विरुद्ध भारतीय न्याय संहिता तथा आईटी एक्ट की संबंधित धाराओं में विधिक कार्रवाई की जा रही है। पुलिस ने आमजन से अपील की है कि किसी भी सरकारी नौकरी या नियुक्ति के नाम पर फोन, ई-मेल या सोशल मीडिया के जरिए धनराशि मांगे जाने पर सतर्क रहें और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तत्काल साइबर हेल्पलाइन या नजदीकी थाने को दें।




