पिता के निधन के बाद मां और भाई के त्याग व अपनी मेहनत के दम पर हासिल किया मुकाम
रिपोर्ट : आरपी सिंह
फूलपुर (आजमगढ़)। कठिन परिस्थितियों में भी हौसला और मेहनत इंसान को सफलता की बुलंदियों तक पहुंचा सकती है। इसका प्रेरक उदाहरण ग्राम हाजीपुर (अंबारी) की डॉ. बिशाली यादव हैं, जिनका उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग, प्रयागराज द्वारा हिंदी विषय की प्रवक्ता (लेक्चरर) पद पर चयन हुआ है। उनकी इस उपलब्धि से पूरे क्षेत्र में खुशी का माहौल है। डॉ. बिशाली यादव ने गया प्रसाद स्मारक राजकीय महिला स्नातकोत्तर महाविद्यालय, अंबारी से वर्ष 2015 में स्नातक और वर्ष 2017 में हिंदी विषय से परास्नातक की शिक्षा प्राप्त की। छात्र जीवन से ही मेधावी एवं अनुशासित रहीं बिशाली ने लगातार कठिन परिश्रम के बल पर यह सफलता अर्जित की। उनकी सफलता का सफर चुनौतियों से भरा रहा। पिता स्वर्गीय राम बचन यादव के निधन के बाद परिवार आर्थिक और सामाजिक संकटों से घिर गया। इसके बावजूद उनकी मां रीता देवी ने हर परिस्थिति में बेटी की पढ़ाई जारी रखी। वहीं बड़े भाई ने अपनी महत्वाकांक्षाओं को पीछे छोड़ अंबारी में फास्ट फूड की दुकान संचालित कर परिवार का सहयोग किया और बहन की शिक्षा में कोई बाधा नहीं आने दी। डॉ. बिशाली यादव ने वर्ष 2019 में यूजीसी-जेआरएफ परीक्षा उत्तीर्ण कर इलाहाबाद विश्वविद्यालय के हिंदी विभाग में पीएचडी में प्रवेश लिया। शोध कार्य पूरा करने के बाद उन्होंने डॉक्टरेट की उपाधि प्राप्त की। अब हिंदी प्रवक्ता पद पर चयनित होकर उन्होंने अपने परिवार, महाविद्यालय और पूरे क्षेत्र का गौरव बढ़ाया है। महाविद्यालय के शिक्षकों ने उनकी सफलता पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा कि बिशाली हमेशा विनम्र, अनुशासित और प्रतिभाशाली छात्रा रही हैं। उनकी उपलब्धि क्षेत्र की बेटियों के लिए प्रेरणास्रोत है कि दृढ़ संकल्प और निरंतर मेहनत से हर लक्ष्य हासिल किया जा सकता है। डॉ. बिशाली यादव की इस सफलता पर महाविद्यालय परिवार, क्षेत्रवासियों और शुभचिंतकों ने उन्हें बधाई देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की है।





