प्रेमी को बुलाया, फिर भाई-भाभी और पति के साथ मिलकर मार डाला; चेहरे पर डाला तेजाब
आजमगढ़/बलिया। बलिया के रसड़ा कोतवाली क्षेत्र के चिलकहर–नत्थोपुर लोहटा मार्ग पर 19 दिन पहले मिले अज्ञात युवक के शव की शिनाख्त आखिरकार हो गई। मृतक की पहचान पंकज गुप्ता (30) निवासी लाहीडीह, थाना फूलपुर, जनपद आजमगढ़ के रूप में हुई है। प्रेम संबंध के विवाद में प्रेमिका ने पति, भाई-भाभी समेत पांच लोगों के साथ मिलकर उसकी हत्या कर दी थी और पहचान छिपाने के लिए चेहरे पर तेजाब डालकर शव को खेत में फेंक दिया था। रविवार को पुलिस लाइन सभागार में पुलिस अधीक्षक ओमवीर सिंह ने पूरे हत्याकांड का खुलासा किया। उन्होंने बताया कि स्वाट/सर्विलांस टीम और रसड़ा कोतवाली पुलिस की संयुक्त कार्रवाई में तीन अभियुक्तों—विजय पाल सिंह, उसकी पत्नी अंजनी सिंह और साले मनीष सिंह—को गिरफ्तार किया गया है। आरोपियों की निशानदेही पर मृतक का मोबाइल फोन, तेजाब की दो खाली बोतलें तथा घटना में प्रयुक्त बाइक बरामद की गई है। एसपी के अनुसार पंकज गुप्ता के बगल के गांव सिकहुला, थाना सरायमीर निवासी विजय पाल सिंह की बहन रेखा सिंह से उसके गहरे संबंध थे। पंकज के पास कुछ आपत्तिजनक फोटो और वीडियो थे, जिनके आधार पर वह रेखा को वायरल करने की धमकी देकर दबाव बना रहा था। इससे परेशान होकर रेखा ने अपने पति अरुण सोनी (नियाऊज, थाना फूलपुर) और भाभी अंजनी सिंह को इसकी जानकारी दी। इसी दौरान पांच फरवरी को अंजनी सिंह के मायके चिलकहर, थाना गड़वार में उसकी छोटी बहन की शादी थी। शादी में विजय पाल सिंह, अंजनी सिंह, रेखा सिंह और उसका पति अरुण सोनी मौजूद थे। चारों ने अंजनी के भाई मनीष सिंह से पूरी बात साझा की और मिलकर हत्या की योजना बना ली। योजना के तहत सात फरवरी को रेखा ने पंकज को मिलने के बहाने रसड़ा बुलाया। वहां पांचों ने मिलकर उसकी हत्या कर दी। पहचान छिपाने के लिए चेहरे पर तेजाब डाल दिया और शव को खेत में फेंक दिया। युवक के बैग व कपड़ों को वहीं जला दिया गया तथा मोबाइल कुछ दूरी पर फेंक दिया गया। अज्ञात शव मिलने के बाद पुलिस ने काफी प्रयास किए, लेकिन शिनाख्त न होने पर नियमानुसार पोस्टमार्टम के बाद अंतिम संस्कार कर दिया गया। इस बीच पंकज की बहन की शादी 24 फरवरी को थी। युवक के लापता होने और मोबाइल बंद मिलने पर परिजनों ने फूलपुर थाने में गुमशुदगी दर्ज कराई। सर्विलांस के जरिए अंतिम लोकेशन रसड़ा स्टेशन के पास मिली, जिसके बाद रसड़ा पुलिस से समन्वय कर मामले की कड़ियां जोड़ी गईं। फोटो और कपड़ों के आधार पर परिजनों ने शव की शिनाख्त की। जांच के दौरान साक्ष्यों को जोड़ने पर पुलिस ने रेखा के भाई को हिरासत में लेकर पूछताछ की, जिसके बाद पूरे हत्याकांड का खुलासा हुआ। फिलहाल तीन आरोपी गिरफ्तार किए जा चुके हैं, जबकि मुख्य आरोपी रेखा सिंह और उसका पति अरुण सोनी फरार हैं। पुलिस को आशंका है कि दोनों मध्यप्रदेश भाग गए हैं और उनकी तलाश जारी है। एसपी ने घटना का खुलासा करने वाली टीम को 25 हजार रुपये के इनाम की घोषणा की है।





