हलाला से इंकार करने पर दिया भयानक वारदात को अंजाम

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टॉयलेट साफ करने वाले तेजाब से किया हमला, मुख्यमंत्री तक पहुंचा मामला
बरेली। बरेली के किला थाना क्षेत्र के मलूकपुर मुहल्ले में तीन तलाक पीड़िता पर पति द्वारा मंगलवार दोपहर में तेजाब से हमले के मामले में पुलिस ने जांच शुरू कर दी है। पुलिस ने बताया कि युवक ने पत्नी पर जो तेजाब फेंका था, वह टॉयलेट साफ करने वाला था। इसे कानूनी रूप से पुष्ट करने के लिए तेजाब का सेंपल लैब भेजा गया है।
पुलिस आरोपित पति इशाक की तलाश में उसके घर और परचितों के साथ रिश्तेदारों के घर दबिश दे रही है। इशाक का मोबाइल बंद होने से पुलिस को उसकी लोकेशन नहीं मिल रही है। पीड़िता की हालत अब खतरे से बाहर बताई जा रही है। इस मामले की गूंज मुख्यमंत्री तक पहुंचने के बाद शासन ने इस तेजाब कांड की रिपोर्ट तलब की है। किला थाना क्षेत्र में तेजाब के हमले से घायल तीन तलाक पीड़िता को राहत में जब राहत महसूस हुई, तो पुलिस ने उसके बयान दर्ज किए। पीड़िता ने बताया कि पति इशाक उससे बात करने के बहाने आया था। वह उसे हलाला करने का दबाव बना रहा था। जब उसने मना किया, तो गाली गलौज करने लगा। पीड़िता ने बताया कि जब वह झोले में तेजाब लेकर घर में घुसा था। उसने शक होने पर पूछा तो कहा कि घर के लिए सामान लेकर जा रहा है। इशाक ने पहले भी तेजाब फेंकने की धमकी दी थी। बरेली के नए एसएसपी एसएसपी सत्यार्थ अनिरुद्ध पंकज ने मंगलवार दोपहर चार्ज संभालने के बाद हुई वारदात के बाद अफसरों से पीड़िता के बारे में जानकारी ली। दौरान उन्होंने पीड़िता के मामले की सघन जांच के आदेश दिए हैं कि पीड़िता ने इस तेजाब धमकी के मामले में पहले तो कोई शिकायत नहीं की थी। एसएसपी के तेवर देख किला थाने की पुलिस के पसीने छूट गए हैं। अफसरों का कहना है कि अगर पीड़िता ने पहले शिकायत की होगी, तो पुलिसकर्मियों पर ही गाज गिरनी तय है। एसएसपी ने आरोपित के जल्द से जल्द गिरफ्तारी के आदेश दिए हैं। तलाक पीड़िता के साथ हुए इस तेजाब कांड के बाद पुलिस प्रशासन में हड़कंप मच गया है। मौके पर मौजूद पुलिसकर्मियों की माने तो पीड़िता पर महज 20 प्रतिशत करीब ही तेजाब पड़ा। बाकी तेजाब घर के अंदर फर्श पर गिर गया था। अगर पूरा तेजाब पड़ता, तो स्थिति और ज्यादा गंभीर हो जाती। पीड़िता की सुरक्षा के लिए जिला अस्पताल में पुलिस भी लगाई गई है। इसी के साथ ही प्रशासन के हस्ताक्षेप के बाद डॉक्टरों के पैनल की देखरेख में पीड़िता का इलाज किया जा रहा है।

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