वैवाहिक कार्यक्रम में पहुंचे सपा अध्यक्ष अखिलेश ने कहा— 2027 में जनता भाजपा को देगी जवाब, विकास और रोजगार होगा प्राथमिकता
आजमगढ़। समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव शनिवार को शहर के समीप सिधारी क्षेत्र के तिवारीपुर स्थित पूर्व मंत्री चंद्रदेव राम यादव के आवास पर आयोजित एक वैवाहिक कार्यक्रम में शामिल होने पहुंचे। कार्यक्रम के दौरान उन्होंने मीडिया से बातचीत करते हुए भारतीय जनता पार्टी और प्रदेश सरकार पर कई मुद्दों को लेकर तीखा हमला बोला। उन्होंने राम मंदिर में कथित चंदा और दान सामग्री की चोरी, भ्रष्टाचार, स्वास्थ्य सेवाओं की बदहाली, कानून व्यवस्था, चुनावी प्रक्रिया तथा विकास कार्यों को लेकर सरकार को घेरा। अखिलेश यादव ने कहा कि मुख्यमंत्री ने अयोध्या के सबसे अधिक दौरे करने का रिकॉर्ड बनाया है, लेकिन उनका सूचना तंत्र इतना कमजोर है कि उन्हें राम मंदिर में कथित चंदा और दान सामग्री की चोरी की जानकारी तक नहीं मिल सकी। उन्होंने कहा कि यदि राम मंदिर जैसी महत्वपूर्ण जगह पर यह स्थिति है तो प्रदेश की तहसीलों, थानों और अस्पतालों की हालत का सहज अंदाजा लगाया जा सकता है। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रदेश में भ्रष्टाचार चरम पर है। अस्पतालों में मरीजों को दवाइयां नहीं मिल रही हैं और थानों व तहसीलों में लोगों को न्याय के लिए भटकना पड़ रहा है। सरकार जनता को बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध कराने में विफल रही है और इसका जवाब उसे जनता को देना होगा। राम मंदिर प्रकरण का उल्लेख करते हुए सपा अध्यक्ष ने कहा कि श्रद्धालुओं ने सोना, चांदी, हीरे-जवाहरात सहित कई कीमती वस्तुएं दान की थीं। उन दान सामग्रियों के गायब होने का मामला केवल किसी एक व्यक्ति तक सीमित नहीं, बल्कि पूरी व्यवस्था से जुड़ा विषय है। उन्होंने कहा कि सरकार को एसआईटी का गठन करना पड़ा, लेकिन अब तक यह स्पष्ट नहीं किया गया कि जांच रिपोर्ट किसे सौंपी गई। उनका आरोप था कि कार्रवाई केवल छोटे लोगों तक सीमित रही, जबकि बड़े जिम्मेदार लोगों तक जांच नहीं पहुंची। उन्होंने कहा कि इस प्रकरण से देश और दुनिया में सनातन धर्म तथा भारतीय संस्कृति में आस्था रखने वाले करोड़ों लोगों की भावनाएं आहत हुई हैं। उनका कहना था कि श्रद्धालुओं की आस्था के साथ खिलवाड़ करने वालों को प्रभु श्रीराम कभी माफ नहीं करेंगे। चुनावी मुद्दों पर बोलते हुए अखिलेश यादव ने कहा कि भाजपा सरकार "वन नेशन, वन इलेक्शन" की बात करती है, लेकिन समय पर पंचायत चुनाव तक नहीं करा पा रही है। उन्होंने सवाल उठाया कि जब सरकार एक साथ चुनाव कराने की बात करती है तो स्थानीय निकाय और पंचायत चुनावों में देरी क्यों हो रही है। उन्होंने भाजपा की चुनावी जीतों का उल्लेख करते हुए कहा कि लोकतांत्रिक संस्थाओं को कमजोर किए जाने की आशंका बढ़ रही है। उन्होंने कहा कि वह किसी को डरा नहीं रहे हैं, बल्कि वर्तमान परिस्थितियों को देखते हुए आगाह कर रहे हैं कि यदि लोकतांत्रिक व्यवस्था कमजोर हुई तो भविष्य में लोगों के मतदान के अधिकार पर भी असर पड़ सकता है। सपा अध्यक्ष ने दावा किया कि वर्ष 2027 के विधानसभा चुनाव में जनता भाजपा को जवाब देगी। उन्होंने कहा कि यदि प्रदेश में समाजवादी पार्टी की सरकार बनती है तो आजमगढ़ सहित पूरे उत्तर प्रदेश में विकास कार्यों को नई गति मिलेगी। किसानों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी, विश्वस्तरीय सड़क और हाईवे बनाए जाएंगे तथा युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर सृजित किए जाएंगे। उन्होंने कहा कि आजमगढ़ के बड़ी संख्या में लोग देश-विदेश के विभिन्न शहरों में रोजगार और कारोबार करते हैं। बाहर रहने वाले लोग अच्छी तरह जानते हैं कि विकसित क्षेत्रों और उत्तर प्रदेश के कई हिस्सों के बीच कितना अंतर है। समाजवादी पार्टी इस अंतर को समाप्त कर प्रदेश को विकास के नए रास्ते पर ले जाने का काम करेगी। वैवाहिक कार्यक्रम में शामिल होने के बाद अखिलेश यादव ने नवदंपती एवं परिवार को शुभकामनाएं दीं तथा पार्टी कार्यकतार्ओं से भी मुलाकात की। उनके आगमन को लेकर क्षेत्र में उत्साह का माहौल रहा और बड़ी संख्या में समर्थक कार्यक्रम स्थल पर मौजूद रहे।




