19 राज्यों के 120 कलाकार शामिल, नई कार्यकारिणी का गठन; ‘दर्पण’ स्मारिका का विमोचन
आजमगढ़। आल इंडिया थिएटर काउंसिल का दो दिवसीय राष्ट्रीय अधिवेशन 11 और 12 अप्रैल को ओडिशा के पूरी स्थित होटल सूर्या बीच इन में संपन्न हुआ। अधिवेशन में देश के 19 राज्यों से आए लगभग 120 कलाकारों ने भाग लिया। कार्यक्रम की शुरुआत दीप प्रज्वलन के साथ हुई, जबकि राष्ट्रीय उपाध्यक्ष राजगोपाल पाढी ने सभी अतिथि कलाकारों का पुष्पगुच्छ भेंट कर स्वागत किया। अधिवेशन के दौरान पदाधिकारियों ने कलाकारों की समस्याओं को प्रमुखता से उठाया। सम्मेलन में संगठन की स्मारिका ‘दर्पण’ का विमोचन भी किया गया। राष्ट्रीय महासचिव सतीश कुंदन ने बीते तीन वर्षों की गतिविधियों का विस्तृत प्रतिवेदन प्रस्तुत किया, वहीं कोषाध्यक्ष सुनील दत्त विश्वकर्मा ने वर्ष 2025-26 का बजट पेश करते हुए आय-व्यय का ब्यौरा रखा। वक्ताओं ने रंगमंच की समृद्ध परंपरा को मजबूत करने, कलाकारों के हितों की रक्षा करने तथा बंद हो रही रिपर्टरी को पुनः शुरू कराने का संकल्प लिया। साथ ही कलाकारों के सामने रोजगार, बंद पड़ी रेलवे रियायत की बहाली और पेंशन जैसी प्रमुख मांगों को भी उठाया गया। अधिवेशन में संगठन की नई कार्यकारिणी का भी चुनाव किया गया, जिसमें जमशेदपुर (झारखंड) के मो. निजाम राष्ट्रीय अध्यक्ष, गिरिडीह (झारखंड) के सतीश कुंदन राष्ट्रीय महासचिव और आजमगढ़ (उत्तर प्रदेश) के सुनील दत्त विश्वकर्मा राष्ट्रीय कोषाध्यक्ष निर्विरोध निर्वाचित हुए। देशभर से आए प्रतिनिधि कलाकारों ने नवनिर्वाचित पदाधिकारियों को बधाई दी। इस अधिवेशन में आजमगढ़ से प्रमोद कुमार सिंह, कमलेश सोनकर, रवि गोंड, मंटू कुमार और राज पासवान ने प्रतिभाग किया।






