ISI एजेंट आशी के हुस्न जाल में फंसकर देश से की गद्दारी, नौसेना का जवान गिरफ्तार

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तीन साल से पाकिस्तानी एजेंट से था संपर्क; एटीएस अन्य संदिग्ध कनेक्शनों की भी कर रही जांच

आगरा। उत्तर प्रदेश एटीएस ने पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी आईएसआई के लिए जासूसी करने के आरोप में आगरा निवासी नौसेना के लांस नायक आदर्श कुमार उर्फ लकी को गिरफ्तार किया है। पूछताछ में सामने आया है कि वह कथित आईएसआई एजेंट ‘आशी’ के संपर्क में था, जिसने सोशल मीडिया के जरिए उसे हनी ट्रैप में फंसाया था। एटीएस अब इस मामले में उसके अन्य संदिग्ध कनेक्शनों की भी जांच कर रही है। एटीएस अधिकारियों के अनुसार आदर्श कुमार ने वर्ष 2021 में भारतीय नौसेना ज्वाइन की थी और वर्तमान में केरल के कोच्चि स्थित दक्षिणी नेवल कमांड में तैनात था। आगरा के कागारौल थाना क्षेत्र के गांव चीतपुर का निवासी आदर्श हाल ही में अवकाश पर अपने घर आया हुआ था। उसकी शादी 19 फरवरी को हाथरस जिले के विसावर क्षेत्र में हुई थी और इसके बाद वह हनीमून के लिए दुबई भी गया था। सूत्रों के अनुसार, एटीएस की नजर उसकी गतिविधियों पर पहले से थी। आगरा आने पर उसे पूछताछ के लिए बुलाया गया, जहां जांच में आईएसआई से उसके संबंधों के संकेत मिले। इसके बाद उसे हिरासत में लेकर पूछताछ की गई। जांच में सामने आया है कि करीब तीन साल पहले आदर्श की मुलाकात इंस्टाग्राम के जरिए ‘आशी’ नाम की कथित आईएसआई एजेंट से हुई थी। उसने अपना नाम ‘कीर्ति’ बताकर आदर्श से दोस्ती की और धीरे-धीरे दोनों के बीच व्हाट्सऐप कॉल पर बातचीत शुरू हो गई। बाद में उसका संपर्क पाकिस्तान में बैठे अन्य आईएसआई एजेंटों से भी कराया गया। सूत्रों के मुताबिक आदर्श ने कई संवेदनशील सूचनाएं और तस्वीरें साझा की थीं। इनमें भारतीय नौसेना के युद्धपोत INS Vikrant और सर्वेक्षण पोत INS Ikshak की तस्वीरें भी भेजे जाने की बात सामने आई है। बताया जा रहा है कि उसे आगे और भी गोपनीय जानकारियां जुटाकर भेजने का लक्ष्य दिया गया था। एटीएस इस मामले में मई 2024 में गोरखपुर से पकड़े गए कथित आईएसआई एजेंट Ram Singh से भी आदर्श के संभावित संबंधों की जांच कर रही है। राम सिंह गोवा स्थित नेवल शिपयार्ड बेस में अस्थायी कर्मचारी था और उस पर भी युद्धपोतों की तस्वीरें पाकिस्तान भेजने का आरोप लगा था। वह भी हनी ट्रैप का शिकार हुआ बताया गया था। जांच एजेंसियों को यह भी पता चला है कि पाकिस्तान में बैठे एजेंट भारतीय मोबाइल नंबरों पर व्हाट्सऐप चलाने के लिए नया तरीका अपना रहे हैं। भारत में सिम कार्ड लेकर ओटीपी साझा किया जाता है, जिसके बाद पाकिस्तान में दूसरे मोबाइल पर उसी नंबर से व्हाट्सऐप सक्रिय कर लिया जाता है, जिससे सुरक्षा एजेंसियों को भ्रमित किया जा सके। एटीएस की एक टीम आगरा में आदर्श से जुड़े अन्य संभावित लोगों की भी गोपनीय रूप से जांच कर रही है। बताया जाता है कि उसे गांव चीतपुर से ही हिरासत में लिया गया था। बुधवार सुबह जब ग्रामीणों को इसकी जानकारी हुई तो पूरे इलाके में चर्चा का विषय बन गया। गांव के लोग हैरान हैं, क्योंकि आदर्श के नौसेना में भर्ती होने पर उन्हें गर्व था और युवाओं को उसका उदाहरण दिया जाता था। वहीं उसके परिजन अब भी इस आरोप को मानने को तैयार नहीं हैं। चाहरवाटी क्षेत्र सेना में बड़ी संख्या में जवान देने और वीरता के लिए जाना जाता रहा है। ऐसे में जासूसी के आरोप में हुई यह गिरफ्तारी पूरे क्षेत्र में चर्चा और चिंता का विषय बन गई है। फिलहाल पुलिस और सुरक्षा एजेंसियां मामले की गहन जांच में जुटी हुई हैं।

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