पीड़िता ने वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक को पत्रक सौंप पूरी घटना से कराया अवगत
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक की फटकार के बाद दर्ज हुआ मुकदमा
आजमगढ़। जनपद के रौनापार थाना क्षेत्र की एक महिला ने ई-रिक्शा में सफर के दौरान पर्स से जेवर और नकदी निकाल लेने का आरोप लगाते हुए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक को शिकायती पत्र सौंपा है। तहरीर में पीड़िता जीयनपुर कोतवाल पर भी गंभीर आरोप लगाये हैं। पीड़िता का आरोप है कि घटना के कई दिन बाद भी मुकदमा दर्ज नहीं किया गया, जिससे वह न्याय के लिए दर-दर भटकने को मजबूर है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, रीता पटेल पत्नी रविंद्र पटेल, निवासी ग्राम कोलवा, थाना रौनापार, तहसील सगड़ी, 16 फरवरी 2026 को अपने मायके बिरहदपुर (पोस्ट व तहसील मुहम्मदाबाद गोहना, जनपद मऊ) से ससुराल लौट रही थीं। वह सठियाव से मुबारकपुर होते हुए जीयनपुर के रास्ते एक ई-रिक्शा में बैठीं। आरोप है कि ई-रिक्शा में उनके बगल में बैठी बोरका पहने तीन महिलाओं ने रास्ते में ही उनके पर्स से कान का झुमका, मंगलसूत्र तथा लगभग 5,000 रुपये नकद निकाल लिए। पीड़िता के अनुसार, जब वह जीयनपुर में ई-रिक्शा से उतरीं तो पर्स से सामान गायब मिला। पलटकर देखने पर न तो ई-रिक्शा चालक मौजूद था और न ही वे तीनों महिलाएं। घटना की सूचना तीन दिन बाद जीयनपुर थाने में दी गई। उनका कहना है कि पुलिस ने ई-रिक्शा चालक और संदिग्ध महिलाओं को थाने पर बैठाया था तथा उन्हें भी बुलाया गया, लेकिन बाद में यह कहकर घर भेज दिया गया कि आवश्यकता पड़ने पर बुलाया जाएगा। पीड़िता का आरोप है कि लगभग पांच दिन बीत जाने के बाद भी कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई। इस संबंध में उन्होंने वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक, आजमगढ़ को प्रार्थना पत्र देकर मांग की है कि संबंधित थाना जीयनपुर को प्राथमिकी दर्ज करने और विधिक कार्रवाई करने का निर्देश दिया जाए, ताकि उनका सामान बरामद हो सके। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर जीयनपुर पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। मामला प्रकाश में आने के बाद स्थानीय स्तर पर इस बात की चर्चा जोरों पर बनी हुई है कि जब जीयनपुर पुलिस ने आरोपियों को हिरासत में ले लिया था तो कार्रवाई क्यों नहीं किया।





