लखनऊ। उत्तर प्रदेश में विधानसभा चुनाव 2027 को लेकर सभी राजनीतिक दलों ने तैयारियां तेज कर दी हैं। समाजवादी पार्टी भी अभी से चुनावी रणनीति बनाने में जुट गई है। पार्टी के भीतर विधानसभा सीटों पर मजबूत दावेदारों के नामों को लेकर मंथन शुरू हो चुका है। इसी क्रम में समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव इशारों-इशारों में संभावित उम्मीदवारों को संकेत देते नजर आ रहे हैं। मंगलवार को सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने पार्टी पदाधिकारियों और विधायकों के साथ बैठक की। सूत्रों के मुताबिक, इस बैठक के दौरान अखिलेश यादव ने प्रतापगढ़ जिले की कुंडा विधानसभा सीट से राजा भैया के खिलाफ युवा महिला चेहरा उतारने का संकेत दिया। बताया जा रहा है कि यह संकेत प्रतापगढ़ की रहने वाली ज्योत्सना सिंह की ओर था। हालांकि, पार्टी की ओर से अभी इस संबंध में कोई आधिकारिक घोषणा नहीं की गई है। यह पहली बार नहीं है जब अखिलेश यादव ने टिकट को लेकर इस तरह के संकेत दिए हों। इससे पहले मेहनौन विधानसभा क्षेत्र से भी एक युवा महिला को इशारों में संदेश दिया गया था, जिसमें एसआईआर में नाम जुड़वाने की बात कही गई थी। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, ज्योत्सना सिंह ने एमिटी यूनिवर्सिटी, लखनऊ से पत्रकारिता में स्नातक की पढ़ाई की है। वह वर्ष 2016 में समाजवादी पार्टी से जुड़ी थीं। ज्योत्सना का पारिवारिक राजनीतिक बैकग्राउंड भी मजबूत रहा है। उनके पिता राजकुमार सिंह प्रतापगढ़ सदर सीट से पूर्व ब्लॉक प्रमुख रह चुके हैं और समाजवादी पार्टी के टिकट पर नगर पालिका चुनाव भी लड़ चुके हैं। वहीं उनकी माता भी सक्रिय राजनीति में हैं और सदर ब्लॉक की पूर्व ब्लॉक प्रमुख रह चुकी हैं। वर्तमान में वह समाजवादी पार्टी महिला सभा, प्रतापगढ़ की जिला अध्यक्ष हैं। इसके अलावा, ज्योत्सना सिंह की सपा सांसद प्रिया सरोज से करीबी दोस्ती और पारिवारिक संबंध भी बताए जा रहे हैं। माना जा रहा है कि सपा नेतृत्व 2027 के चुनाव में युवा और मजबूत सामाजिक आधार वाले चेहरों पर दांव लगाने की रणनीति पर काम कर रहा है।




